Daughter/बेटियाँ/દીકરી-પુત્રી
_महकते हुए आंगन कि रोशनाई है बेटियां,,,,_ _धूप में है साया उमस में पुरवाई है बेटियां,,,,_ _तेरे आंगन में ही उसका बचपन खेला था_ _फिर क्यों ये सितम की पराई है बेटियां,,,,_ _उड़ेगी चिरैया की तरह घर की शाखो से_ _फिर बहुत रुलाएगी एक तन्हाई है बेटियां,,,,_ _चेहरे का नूर है संस्कार की है मिसाल_ _लबों की है तब्बसुम और बीनाई है बेटियां,,,,_ _सर का ताज और घर की शान होती है_ _जख्मों पे मरहम मर्ज की दवाई है बेटियां,,,,_ _बन कर रोशनी अंधेरों को निगल गई_ _दोनों घरों के दरम्यान जगमगाई है बेटियां,,,,_ 2. *बेटियां* फूलों सी कोमल नाजुक होती है बेटियां जिनके बिना घर अधूरा लगे वो है बेटियां माँ बाप की एक आह पर रोतीहै बेटियां अपने पापा की परिया होती है बेटियां अपनी मा की परछाई होती है बेटियां अपने भैया की लाडली होती है बेटियां परिवारका नाम रोशन करतीहै वो है बेटियां घरके आंगन की लक्ष्मी होती है बेटियां मा सरस्वती का मान होती है बेटियां ईश्वर का वरदान होती है प्यारी बेटियां सौभाग...